उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) के मुख्यालय के बाहर सोमवार 15 दिसंबर 2025 को प्रतियोगी छात्रों ने भारी विरोध प्रदर्शन किया। हजारों अभ्यर्थी पारदर्शिता, परिणामों के कट-ऑफ अंक, संशोधित उत्तरकुंजी सहित कई मांगों को लेकर आयोग पर दबाव बना रहे हैं। इस बीच प्रशासन ने परिसर के आस-पास भारी पुलिस बल, पीएसी और आरएएफ को तैनात कर दिया है ताकि स्थिति नियंत्रित रहे।
प्रयागराज में UPPSC विरोध प्रदर्शन की वजह क्या है?
प्रतियोगी छात्रों का आरोप है कि UPPSC भर्ती परीक्षाओं की प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही न होने के कारण उन्हें असमंजस का सामना करना पड़ रहा है। मुख्य मांगें इस प्रकार हैं:
- संशोधित उत्तरकुंजी (Answer Key) की पब्लिक रिलीज़
- कट-ऑफ अंक (Cut-Off Marks) का स्पष्ट विवरण
- परीक्षा परिणामों की पारदर्शिता और न्यायोचित प्रक्रिया
छात्रों का कहना है कि जब तक आयोग उत्तरकुंजी और कट-ऑफ आधिकारिक रूप से जारी नहीं करेगा, तब तक चयन प्रक्रिया पर संदेह बना रहेगा।
विरोध स्थल पर क्या हुआ?
- सुबह से ही लोक सेवा आयोग परिसर के बाहर बड़े समूहों में विद्यार्थी इकट्ठा हो रहे थे। उन्होंने हाथों में बैनर, नारे और पोस्टर लेकर आयोग का तीव्र विरोध किया।
- पुलिस ने क्षेत्र को सुरक्षा के लिए छावनी में बदल दिया और आसपास के सभी रास्तों पर कड़ी निगरानी रखी।
- विरोध के दौरान कुछ छात्रों ने सड़क पर बैठकर आंदोलन को तेज करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उन्हें हटाने की कोशिश की, जिससे कुछ हल्की झड़पें हुईं।
- कुछ विद्यार्थियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया, लेकिन बाद में छोड़ दिया गया।
प्रयागराज में ट्राफिक उल्लंघन में उछाल, 3 करोड़ जुर्माने में वसूले गए।

