प्रशासनिक भ्रष्टाचार को लेकर जब भी कोई नई खबर आती है, तो समाज में पारदर्शिता और जवाबदेही की उम्मीद जगती है। प्रयागराज के कौशाम्बी के मंझनपुर तहसील में तैनात लेखपाल महेंद्र कुमार को ₹10,000 की रिश्वत लेते हुए विजिलेंस टीम ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया।
रिश्वत लेते लेखपाल घटना का पूरा विवरण
लेखपाल महेंद्र कुमार ने एक ठेकेदार के हैसियत प्रमाण पत्र की रिपोर्ट को उसके खिलाफ करने के बदले 10 हजार रुपये मांगे थे। शिकायतकर्ता ने बताया कि उसके पिता ने 18 जनवरी को ठेकेदारी के लिए आवेदन किया था, लेकिन लेखपाल ने उल्टी रिपोर्ट देने के लिए घूस की मांग की। रिपोर्ट का उल्टा मतलब था कि दस्तावेज़ का न तो सही अध्ययन किया जाये, बल्कि रिश्वत के बदले फाइल को अनुकूल परिणाम के लिए इस्तेमाल करना।
विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया और जैसे ही महेंद्र कुमार ने पैसे पकड़े, उन्हें रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। वीडियो में दिखाया गया कि आरोपी की सिट्टी-पिट्टी गुम हो गई जब टीम ने पूछा, “पैसा कहां है?” आरोपी को स्थानीय थाने ले जाया गया और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया। पूछताछ जारी है।
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