back to top
शनिवार, मई 2, 2026

अडानी और इस्कॉन के संयुक्त रसोई में लाखों श्रद्धालुओं कों मिल रहा प्रतिदिन प्रसाद

Share

50 लाख लोगों को महाप्रसाद वितरित करने का लक्ष्य

प्रयागराज में महाकुंभ के आयोजन चल रहा है। पहले दिन से ही अदानी ग्रुप और इस्कॉन ने मिलकर 40 केंद्र और तीन रसोईघर के साथ महाप्रसाद का वितरण जारी है। जिसमें एक प्रयागराज जंक्शन के पास खुसरो बाग दुसरा कुम्भ मेला के नेत्र कुम्भ मेल एवं सेक्टर 19 हर्षवर्धन मार्ग़ पर रसोई है। बाकी बस स्टैन्ड, स्टेशन एवं होल्डिंग के द्वारा भी इस कार्य को किया जा रहा। इस कार्य से जहां एक ओर 10,000 लोगो को काम मिल रहा वहीं 3000 स्वयं सेवक भी लगे हुए है। जहां प्रतिदिन 3 सत्रों मे खान तैयार किया जाता है। प्रति सत्र में 30,000-35,000 हजार लोगों के लिए प्रसाद बनता है। जिसमे लगभग 1 लाख श्रद्धालु इस प्रसाद को ग्रहण करते है। सात ही यहाँ कार्य कर रहे 15,000 सफाई कर्मियों को भी भोजन कराया जा रहा है।

अडानी ग्रुप और इस्कॉन भंडारे लाखों लोग पा रहे प्रसाद, संतों ने भी सराहा –

अभी तक बीते अमृत स्नान में मौनी अमावस्या और बसंत पंचमी के दिन लगभग 6 लाख लोगो के मध्य प्रसाद का वितरण हो चुका है। 13 जनवरी से प्रारंभ महाकुंभ मे अब तक लगभग 29 लाख लोगों के मध्य प्रसाद वितरण कराया जा चुका है। जिसमे कुम्भ मेल के समापन तक लगभग 50 लोगों के प्रसाद वितरण का लक्ष्य है। गौतम अदानी एवं इस्कॉन के इस प्रयास को बहुत सारे संतों ने भी सराहा है।

अडानी ग्रुप और इस्कॉन भंडारे प्रसाद का मेन्यू एवं प्रक्रिया –

अब तक जानकारी के अनुसार अब तक दो लाख किलों चावल, 1.5 लाख किलों सब्जियाँ, 1.35 किलो दाल जबकि आटा 1 लाख किलो तक लगाया जा चुका है। 19,000 किलो शुद्ध देसी घी का भी प्रयोग किया गया है। हालांकि की ये आकड़े 3 फरवरी तक के ही हैं। प्रसाद मे जहां दाल छोले, राजमा सब्जियाँ वही रोटी चावल और बूंदी का लड्डू भी दिया जा रहा है। यहाँ प्रसाद को बनने के लिए एलपीजी सिलेंडर के अलावा मिट्टी के बने चूल्हे का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। जिसमे गाय के गोबर से बने उपले और लकड़ी को ईधन के रूप मे प्रयोग कर खाने को धीमी आंच मे पकाया जा रहा है।

गौतम आदानी भी किया था प्रसाद ग्रहण –

अडानी अपने परिवार के साथ 21 जनवरी को यहाँ आए थे। और उन्होंने प्रसाद ग्रहण किया था। संगम स्नान करने के बाद उन्होंने पूजा-अर्चना भी की। इसके उपरांत उन्होंने अपने हाथों से खाना भी बनाया था। और लोगों को भोजन खिलाया था।

इसके अलावा अदानी ग्रुप गीता प्रेस के साथ 1 करोड़ ने आरती की सामग्री को वितरित करने का काम कर रहे है। 

  

 

Read more

Local News

hi_INहिन्दी